रामपुर। उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसकी चर्चा पूरे इलाके में हो रही है। पहली पत्नी की शिकायत के बाद पति, उसकी दोनों पत्नियों और ग्रामीणों के बीच मामला पंचायत तक पहुंच गया। घंटों चली पंचायत के बाद ऐसा फैसला सुनाया गया, जिसने सभी को हैरान कर दिया।
जानकारी के अनुसार, दढ़ियाल क्षेत्र के एक युवक की शादी करीब 14 वर्ष पहले उत्तराखंड निवासी युवती से हुई थी, जिससे उसकी दो बेटियां हैं। आरोप है कि बेटे की चाह में करीब चार वर्ष पहले उसने दूसरी शादी कर ली। हालांकि दूसरी पत्नी से भी उसे दो बेटियां ही हुईं। इसके बाद वह अधिकतर समय दूसरी पत्नी के साथ रहने लगा, जिससे पहली पत्नी ने खुद को उपेक्षित महसूस किया।
सोमवार को पहली पत्नी खर्च और उपेक्षा की शिकायत लेकर पुलिस चौकी पहुंची। पुलिस मामले की जांच शुरू ही कर रही थी कि गांव में पंचायत बैठ गई। दोनों पक्षों को सुनने के बाद पंचायत ने आपसी सहमति से विवाद सुलझाने का प्रयास किया।
पंचायत ने फैसला सुनाया कि पति सप्ताह में तीन दिन पहली पत्नी और तीन दिन दूसरी पत्नी के साथ रहेगा, जबकि एक दिन वह अपनी इच्छा से कहीं भी रह सकेगा। साथ ही उसे पहली पत्नी के घर हर महीने राशन उपलब्ध कराना होगा और प्रति सप्ताह 500 रुपये खर्च के रूप में देने होंगे।
बताया जा रहा है कि पंचायत के इस फैसले को दोनों पक्षों ने स्वीकार कर लिया, जिसके बाद पहली पत्नी ने पुलिस में दी गई शिकायत को आगे नहीं बढ़ाया। स्थानीय पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों की सहमति से समझौता होने के बाद मामले का शांतिपूर्ण निस्तारण कर दिया गया। हालांकि यह मामला अब पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।

