उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बूथ अध्यक्षों को जनता से सीधे जुड़ने का अनोखा और व्यावहारिक तरीका बताया। बूथ अध्यक्ष सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता रोजाना कम से कम पांच घरों में जाएं, वहां के लोगों से नीम की दातून मांगकर उसका उपयोग करें, फिर उनके साथ बैठकर चाय पिएं और आत्मीय बातचीत करें। उनका कहना था कि इससे लोगों के साथ विश्वास और अपनापन बढ़ेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा की सबसे बड़ी ताकत उसका बूथ स्तर का संगठन है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को समझाया कि चुनावी जीत केवल बड़े नेताओं की सभाओं से नहीं, बल्कि बूथ स्तर पर कार्यकर्ताओं की मेहनत और जनता से उनके मजबूत संबंधों से तय होती है। इसलिए हर बूथ अध्यक्ष को अपने क्षेत्र के प्रत्येक परिवार से नियमित संपर्क बनाए रखना चाहिए।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव की असली लड़ाई बूथों पर ही लड़ी जाएगी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि वे अपने-अपने बूथों को मजबूत बनाएं, मतदाताओं से लगातार संवाद करें और सरकार की योजनाओं की जानकारी घर-घर तक पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि जनता के बीच नियमित उपस्थिति ही संगठन की सबसे बड़ी ताकत है।
मुख्यमंत्री ने विपक्ष की रणनीतियों को लेकर भी कार्यकर्ताओं को सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान विपक्ष भ्रम फैलाने और लोगों को गुमराह करने की कोशिश करेगा। ऐसे में बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी होगी कि वे सही जानकारी लोगों तक पहुंचाएं और अफवाहों का तथ्यों के साथ जवाब दें।
उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता केवल चुनाव के समय नहीं, बल्कि पूरे वर्ष जनता के सुख-दुख में सहभागी बनें। यदि किसी परिवार को किसी सरकारी योजना का लाभ नहीं मिल रहा है तो उसकी समस्या के समाधान में सहयोग करें। इससे जनता का विश्वास और अधिक मजबूत होगा।
मुख्यमंत्री ने बूथ अध्यक्षों की भूमिका की तुलना देश की सीमाओं पर तैनात सैनिकों से करते हुए कहा कि जिस प्रकार सैनिकों की सतर्कता से देश सुरक्षित रहता है, उसी प्रकार बूथ स्तर पर कार्यकर्ताओं की सक्रियता से पार्टी मजबूत होती है और चुनावी सफलता सुनिश्चित होती है। उन्होंने कहा कि संगठन की सबसे मजबूत कड़ी बूथ अध्यक्ष ही हैं।
उन्होंने कार्यकर्ताओं से आग्रह किया कि वे केंद्र और प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं—जैसे गरीब कल्याण, महिला सशक्तिकरण, किसान हित और युवाओं के लिए चलाई जा रही योजनाओं—की जानकारी प्रत्येक परिवार तक पहुंचाएं। साथ ही लाभार्थियों से संवाद स्थापित कर योजनाओं का फीडबैक भी लें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा की कार्यशैली सेवा, समर्पण और संगठन के सिद्धांत पर आधारित है। कार्यकर्ताओं को समाज के हर वर्ग के बीच जाकर संवाद स्थापित करना चाहिए और जाति, धर्म तथा क्षेत्र से ऊपर उठकर सभी लोगों के साथ समान व्यवहार करना चाहिए।
भाजपा संगठन पहले से ही आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए बूथ सशक्तिकरण अभियान चला रहा है। इसी क्रम में बूथ अध्यक्ष सम्मेलनों के माध्यम से कार्यकर्ताओं को चुनावी रणनीति, संगठन विस्तार और जनसंपर्क के नए तरीके बताए जा रहे हैं, ताकि पार्टी का जनाधार गांव, कस्बे और शहर के हर मोहल्ले तक मजबूत किया जा सके।
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव अगले वर्ष फरवरी-मार्च के आसपास होने की संभावना है। ऐसे में राजनीतिक दलों ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह संदेश भाजपा की बूथ-स्तरीय रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है, जिसमें जनता के बीच व्यक्तिगत संपर्क और निरंतर संवाद को चुनावी सफलता की सबसे बड़ी कुंजी बताया गया है।

